Karwa Chauth 2022 Live: Karwa Chauth Ki Kahani, Wishes, Puja Vidhi Muhurat, Fast Rules, Chand Nikalne Ka Time – Karwa Chauth Live Updates: कुछ देर बाद शुरू होगी करवा चौथ की पूजा,जानें आज आपके शहर में कब निकलेगा चांद

16:33, 13-Oct-2022

चौथ मुहूर्त मुहूर्त

से थोड़ी देर बाद करवा चौथ की पूजा का शुभ मुहूर्त शुरु हो जाएगा। करवा चौथ पर शुभ मुहूर्त में करवा माता की पूजा,आरती और कथा सुनी जाती है। इसके बाद चांद के निकलने का इंतजार किया जाता है और चंद्रमा के दर्शन करते हुए अर्घ्य देकर व्रत पूरा करते हैं।

मुहूर्त – 05 बजकर 54 से 07 बजकर 03 मिनट तक

16:03, 13-Oct-2022

से जुड़े पूजा के मंत्र


karwa chauth 2022
– : उजाला

धार्मिक मान्यताओं के अनुसार किसी भी पूजा में अगर मंत्रों का जाप किया जाय तो पूजा अवश्य ही सफल होती है। मंत्रों के जाप से देवी-देवता प्रसन्न होते हैं और सुख-समृद्धि का आशीर्वाद प्रदान करते हैं। करवा चौथ पर भगवान शिव-माता पार्वती, भगवान गणेश और चंद्रदेव की पूजा करने का विधान होता है।

मंत्र – ॐ गणेशाय नमः

मंत्र – ॐ नमः शिवाय

का मंत्र – ॐ षण्मुखाय नमः

पूजन मंत्र – ॐ सोमाय नमः

‘मम सुख सौभाग्य पुत्र-पौत्रादि सुस्थिर श्री प्राप्तये करक चतुर्थी व्रतमहं करिष्ये।’

‘नमस्त्यै शिवायै शर्वाण्यै सौभाग्यं संतति शुभा। नारीणां हरवल्लभे।’

13:09, 13-Oct-2022

करवा चौथ करने वाली सुगाहिन महिलाएं करें यह काम

मान्यताओं के अनुसार पति की लंबी आयु और सुखी जीवन की कामना के लिए महिलाएं करवा चौथ का व्रत रखती हैं। महिलाओं का विवाह के बाद पहला करवा चौथ व्रत है ,वे श्रृंगार में सुहाग से संबंधित सारी चीजों का इस्तेमाल करें। 16 श्रृंगार से करवा माता प्रसन्न होती है और अखंड सौभाग्य का आशीर्वाद प्रदान करती हैं।

के कपड़े- पर सुहागिन महिलाएं लाल और गुलाबी रंग के ही कपड़े पहनें। भी सफेद और काले रंग के कपड़े नहीं पहनना चाहिए।

पारण- करवा पूजा, चंद्र दर्शन और अर्घ्य देने के बाद अपने पति के हाथों से पानी पीकर ही व्रत का पारण करना चाहिए। सिर्फ सादा और शाकाहारी भोजन करना चाहिए।

14:29, 13-Oct-2022

माता आरती आरती


karwa chauth 2022
– : उजाला

हिंदू धर्म में कोई भी पूजा, व्रत और धार्मिक अनुष्ठान बिना आरती के पूरी नहीं मानी जाती है। करवा चौथ पूजा और कथा सुनने के बाद सभी सुहागिन महिलाओं को करवा माता की आरती की आरती जरूर करनी चाहिए। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार आरती करने पर देवी-देवता सबसे ज्यादा प्रसन्न होते हैं और आशीर्वाद प्रदान करते हैं। ऐसे में करवा चौथ में पूजा, कथा और चंद्र दर्शन के साथ करवा माता की आरती जरूर करनी चाहिए।

करवा मैया, जय करवा मैया।

करे तुम्हारा, करो नइया।। मैया।

की हो माता, हो रुद्राणी।

गावत, के सब प्राणी।।

चतुर्थी, नारी व्रत करती।

होवे , हरती।।

करवा मैया, जय करवा मैया।

करे तुम्हारा, करो नइया।।

नारी, संपत्ति पावे।

बड़े दयालु, सभी नाशे।।

करवा मैया, जय करवा मैया।

करे तुम्हारा, करो नइया।।

की आरती,व्रत कर जो गावे।

जाता पूरन, विधि सुख पावे।।

करवा मैया,माता जय करवा मैया।

करे तुम्हारा,पार करो नइया।।

1:33 PM, Oct 13, 2022

के लिए करवा चौथ व्रत के नियम

चौथ का त्योहार हर वर्ष शारदीय नवरात्रि के खत्म होने के बाद कार्तिक माह के कृष्ण पक्ष की चतुर्थी तिथि को मनाया जाता है। करवा चौथ सुहागिन महिलाओं के लिए अपनी पति की लंबी आयु और सुख-समृद्धि का कामना के लिए रखती हैं। इस दिन महिलाएं 16 श्रृंगार करते हुए व्रत, कथा और पूजा करती हैं। में पति अपने पत्नी को उपहार देते हैं। सुहागिन महिलाओं के अलावा कुंवारी कन्याएं भी अच्छे जीवनसाथी का कामना के लिए करवा चौथ का व्रत रखती हैं। हिंदू धर्म में अविवाहित कन्याओं के लिए करवा चौथ व्रत के लिए कुछ नियम होते हैं। ध्यान में रखते हुए ही कन्याओं का करवा चौथ का व्रत करना चाहिए।

Karwa Chauth Vrat 2022: कुंवारी लड़कियां भी रख सकती हैं करवा चौथ का व्रत? क्या मान्यता मान्यता

1- निर्जला व्रत न करें।

2- पूजा न करें बल्कि भगवान शिव और माता की पूजा करें।

3- अर्घ्य देकर व्रत न खोलें।

4- कन्याओं को छलनी से चंद्रदेव के दर्शन नहीं करना चाहिए।

1:13 PM, Oct 13, 2022

पूजा में दीपक और छलनी का महत्व

चौथ व्रत में करवा और छलनी के बिना पूजा पूरी नहीं मानी जाती है। की पूजा में दीपक और छलनी का विशेष महत्व है। के अनुसार प्रकाश ज्ञान का प्रतीक है और दीपक जलाने से नकारात्मकता दूर होती है एवं पूजा में ध्यान केंद्रित होता है जिससे एकाग्रता बढ़ती है। करवा चौथ पर महिलाएं छलनी में दीपक रखकर चांद को देखती हैं और फिर पति का चेहरा देखती हैं। वजह करवा चौथ में सुनाई जाने वाली वीरवती की कथा से जुड़ा हुआ है। वीरवती को भूखा देख उसके भाइयों ने चांद निकलने से पहले एक पेड़ की आड़ में छलनी में दीप रखकर चांद बनाया और बहन का व्रत खुलवाया।

1:57 PM, October 13, 2022

चौथ पर चांद और पति को छलनी से क्यों देखा जाता है?

कथा के अनुसार भगवान गणेश के सिर को भगवान शिव ने काटा था और फिर हाथी के बच्चे का सिर लगाकर उन्हें दोबारा से जीवित किया था। सभी देवी-देवता भगवान गणेश के इस रूप को देखकर उनकी पूजा-आराधना की थी लेकिन चंद्रदेव को अपनी सुंदरता पर बड़ा घमंड था और गणेश जी के स्वरूप को देखकर उनका परिहास किया था। गणेश जी ने चंद्रदेव को छय रोग का श्राप दिया था और चतु्र्थी तिथि पर चंद्रमा को देखने पर दोष लगेगा। कारण से चांद को को सीधे नहीं देखा जाता है बल्कि छलनी का प्रयोग करके चांद के दर्शन किया जाता है।

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12:16 PM, Oct 13, 2022

करवा चौथ पर चांद निकलने का समय


karwa chauth 2022
– : उजाला

– 08 बजकर 08 पर

– 08 बजकर 08 पर

– 08 बजकर 09

– 08 बजकर 21 पर

– 08 बजकर 10 पर

– 08 06

– 08 बजकर 10 पर

– 08 बजकर 03 पर

– 08 बजकर 27 पर

– 08 बजकर 21 पर

– 08 07

– 07 बजकर 59 पर

– 08 02

– 07 बजकर 57 पर

– 08 बजकर 10 पर

– 07 52

– 08 बजकर 05 पर

– 08 02

08 बजकर 48

– 07 बजकर 34 पर

– 08 बजकर 18 पर

– 07 बजकर 44 पर

11:54 AM, Oct 13, 2022

पर इन राशि की महिलाओं को मिलेगा विशेष फल

करवा चौथ का व्रत रखने और पूजा करने पर सुहागिन महिलाओं को अखंड सौभाग्यवती होने का फल प्राप्त होता है। करवा चौथ पर भगवान शिव,माता पार्वती, भगवान गणेश और चंद्रदेव की विशेष आराधना की जाती है। चौथ पर चंद्रदेव की विशेष कृपा रहती है क्योंकि इस दिन कुछ विशेष राशि की सुहागिन महिलाओं पर चंद्रदेव और भगवान गणेश दोनों की विशेष कृपा प्राप्त होती है। बार चंद्रमा अपनी राशि और रोहिणी नक्षत्र में रहेंगे, ऐसे में मेष,कर्क,सिंह और मीन राशि की महिलाओं को शुभ फल की प्राप्ति होगी।

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11:39, 13-Oct-2022

न दिखाई दे तो इस तरह पूरा करें करवा चौथ व्रत

वैदिक पंचांग की गणना के अनुसार कार्तिक कृष्ण पक्ष की चतु्र्थी पर चंद्रोदय शाम 08 बजकर 09 मिनट पर होगा। पर चांद के दर्शन और अर्घ्य देकर पूजा पूरी होती है। लेकिन देश के अलग-अलग हिस्सों में मौसम एक जैसा नहीं होने पर चांद निकलने में देरी हो सकती है। जगहों पर बादल और बरसात की वजह से चंद्रमा नहीं दिखाई दे सकता। ऐसे में करवा चौथ का व्रत रखने वाली सुहागिन महिलाएं पूर्व-उत्तर दिशा में पूजा करते हुए अर्घ्य देकर व्रत को पूरा कर सकती हैं। तरह का दोष नहीं लगता और व्रत पूर्ण माना जाता है।

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11:06, 13-Oct-2022

हरियाणा, चंडीगढ़,इंदौर और भोपाल में आज कब निकलेगा चांद


karwa chauth 2022
– : उजाला

का त्योहार उत्तर भारत में विशेष रूप से मनाया जाता है। करवा चौथ व्रत पंजाब, हरियाणा, उत्तराखंड, उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश में बड़े ही उत्साह के साथ मनाया जाता है।

– 08 बजकर 10 पर

– 08 06

– 08 बजकर 10 पर

– 08 बजकर 03 पर

– 08 बजकर 27 पर

– 08 बजकर 21 पर

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Karwa Chauth Moon Time: शुभ योग में करवा चौथ आज, जानें अपने शहर में चंद्रमा के निकलने का समय

10:39, 13-Oct-2022

देशभर में कितने बजे निकलेगा चांद


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– : उजाला

आज कब होगा चंद्रोदय (Karwa Chauth 2022 Moonrise Time Today, Chand Nikalne Ka Samay)

आज देशभर में करवा चौथ का चांद शाम को करीब 08 बजकर 09 मिनट के आसपास दिखाई देना शुुरू हो जाएगा। हालांकि देश के शहरों में चांद के निकलने का समय थोड़ा अलग-अलग समय पर होगा। आज शाम को सबसे पहले चांद पूर्वी भारत में गुवाहटी में करीब शाम 07 बजकर 15 मिनट पर दिखाई देगा फिर धीरे-धीरे देश के अन्य भागों में दिखाई देना शुरु हो जाएगा।

– 08 बजकर 08 पर

– 08 बजकर 08 पर

– 08 बजकर 09

– 08 बजकर 21 पर

10:32, 13-Oct-2022

चौथ पर बना शुभ संयोग

करवा चौथ अखंड सुहाग का वरदान प्राप्त करने के लिए सबसे खास त्योहार माना जाता है। इस दिन सुहागिन महिलाएं अपने पति की लंबी आयु और अच्छी सेहत के लिए सुबह से निर्जला व्रत रखती है। को चांद की पूजा और जल अर्पित करते हुए व्रत के संकल्प को पूरा करती हैं। करवा चौथ पर बहुत ही अच्छा योग बना हुआ है। इस बार गुरुवार को करवा चौथ है और गुरु ग्रह स्वयं की राशि में मौदूज रहेंगे। ज्योतिष में गुरु ग्रह को वैवाहिक जीवन और शुभ फल देने वाला ग्रह माना जाता है। अलावा चंद्रमा भी अपनी राशि और नक्षत्र में मौजूद रहेगा। ऐसे में करवा चौथ का व्रत रखते हुए चंद्रमा को अर्घ्य देकर पूजा करना शुभ फल देने वाला साबित होगा।

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10:25 AM, 13-Oct-2022

व्रत नियम


Karwa Chauth
– : उजाला

  • व्रत सूर्योदय से पहले से शुरू कर चांद निकलने तक रखना चाहिए और चन्द्रमा के दर्शन के पश्चात ही इसको खोला जाता है।
  • शाम के समय चंद्रोदय से पहले सम्पूर्ण शिव-परिवार (शिव जी, पार्वती जी, नंदी जी, गणेश जी और कार्तिकेय जी) की पूजा की जाती है।
  • पूजन के समय देव-प्रतिमा का मुख पश्चिम की तरफ़ होना चाहिए तथा स्त्री को पूर्व की तरफ़ मुख करके बैठना चाहिए।

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10:16 AM, Oct 13, 2022

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करवा ले, सुहागन करवा ले

रहे अमर सुहाग हमारा, मां करवा का आशीष रहे

की हार्दिक शुभकामनाएं!

त्योहार,

हजार,

दुआ,

बार त्योहार,

आप और आपका परिवार।

की शुभकामनाएं!

मां के श्राप के डर से जैसे यमराज ने छोड़े उनके पति के प्राण

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की हार्दिक शुभकामनाएं!

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